स्व-प्रमाणित घोषणा पत्र — प्रारूप, भरने के नियम और आम गलतियां
स्व-प्रमाणित घोषणा पत्र क्या है?
स्व-प्रमाणित घोषणा पत्र (Self-Declaration Form) एक साधारण प्रारूप पर दी जाने वाली लिखित घोषणा है, जिसमें आवेदक अपने बारे में दी गई जानकारी के सत्य होने की पुष्टि अपने हस्ताक्षर के साथ करता है। इसमें आवेदक यह घोषणा करता है कि आवेदन में भरा गया नाम, पता, आय, जाति या अन्य विवरण उसकी जानकारी में पूर्णतः सत्य है, और गलत पाए जाने पर वह स्वयं ज़िम्मेदार होगा।
पहले यही काम नोटरी से प्रमाणित शपथ-पत्र (affidavit) से होता था — स्टांप पेपर खरीदना, नोटरी के पास जाना और शुल्क देना। सरकार ने नागरिकों की यह भागदौड़ खत्म करने के लिए स्व-प्रमाणित घोषणा की व्यवस्था लागू की। अब eDistrict के अधिकांश आवेदनों में यही घोषणा पत्र चलता है और नोटरी की आवश्यकता नहीं पड़ती।
यह घोषणा पत्र क्यों अनिवार्य है?
आय प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण पत्र और निवास प्रमाण पत्र — इन तीनों में सरकार आपके दावे के आधार पर प्रमाण पत्र जारी करती है। आय कितनी है, जाति कौन-सी है, कितने वर्षों से उस पते पर रह रहे हैं — ये जानकारियां किसी एक दस्तावेज़ से पूरी तरह सिद्ध नहीं होतीं। घोषणा पत्र के माध्यम से आप इन जानकारियों की औपचारिक ज़िम्मेदारी लेते हैं, और फिर लेखपाल या राजस्व निरीक्षक अपने सत्यापन में इनकी जांच करता है।
इसलिए घोषणा पत्र को "बस एक फॉर्मेलिटी" समझकर हल्के में न लें। इसमें भरी जानकारी और सत्यापन में मिली जानकारी में अंतर हुआ तो आवेदन अस्वीकार हो जाता है, और दोबारा आवेदन में समय अलग से लगता है।
एक और बात ध्यान रखें — घोषणा पत्र हर आवेदन के लिए उसी समय का होना चाहिए। यदि आपने आय प्रमाण पत्र के लिए घोषणा पत्र बनाया है और उसी सप्ताह जाति प्रमाण पत्र का आवेदन भी कर रहे हैं, तब भी जाति के लिए अलग घोषणा पत्र बनेगा, क्योंकि दोनों में घोषित जानकारी अलग-अलग होती है। पुराना घोषणा पत्र फोटोकॉपी करके दोबारा लगाने की गलती अक्सर आवेदन लौटाने का कारण बनती है।
फॉर्म में क्या-क्या भरना होता है? (Field-by-Field)
| फ़ील्ड | क्या लिखें | ध्यान रखने वाली बात |
|---|---|---|
| आवेदक का पूरा नाम | अपना नाम जैसा आधार कार्ड में है | आवेदन फॉर्म के नाम से बिल्कुल मेल खाना चाहिए |
| पिता / पति का नाम | संबंध के अनुसार सही नाम | स्पेलिंग दस्तावेज़ों से मिलाएं |
| पूरा पता | गांव/मोहल्ला, पोस्ट, थाना, तहसील, जिला, पिन कोड | वर्तमान पता लिखें, वही जो आवेदन में भरा है |
| घोषणा का विषय | जिस प्रमाण पत्र के लिए घोषणा है — आय / जाति / निवास का विवरण | आय में स्रोत सहित वार्षिक राशि, जाति में जाति व वर्ग, निवास में रहने की अवधि |
| परिवार के सदस्यों का विवरण | जहां मांगा गया हो — सदस्यों के नाम और संबंध | परिवार रजिस्टर की जानकारी से मेल रखें |
| स्थान और तिथि | जहां और जिस दिन घोषणा पत्र भरा जा रहा है | तिथि अपलोड वाले दिन के आसपास की हो |
| हस्ताक्षर | आवेदक के स्वयं के हस्ताक्षर | सबसे अनिवार्य भाग — बिना इसके फॉर्म अमान्य |
घोषणा पत्र कैसे तैयार करें — स्टेप बाय स्टेप
फॉर्म डाउनलोड या प्राप्त करें
आधिकारिक पोर्टल edistrict.up.gov.in से घोषणा पत्र का प्रारूप डाउनलोड करें। eSathi पर आवेदन के दौरान संबंधित सेवा में प्रारूप का लिंक सामान्यतः दिया रहता है। यदि आप जन सेवा केंद्र से आवेदन करा रहे हैं तो वहां भी प्रारूप उपलब्ध होता है।
प्रिंट निकालकर हाथ से भरें
फॉर्म का प्रिंट लेकर नीले या काले बॉल पेन से साफ़ अक्षरों में भरें। कटिंग या ओवरराइटिंग से बचें — गलती हो जाए तो नया प्रिंट भरना बेहतर है, क्योंकि कटा-फटा फॉर्म सत्यापन में संदेह पैदा करता है।
हस्ताक्षर करें
सभी विवरण भरने के बाद निर्धारित स्थान पर अपने हस्ताक्षर करें और तिथि डालें। हस्ताक्षर वही रखें जो आप सामान्यतः दस्तावेज़ों पर करते हैं।
स्कैन या फोटो लेकर JPEG बनाएं
भरे हुए फॉर्म का साफ़ फोटो या स्कैन लें। पूरा पृष्ठ फ्रेम में होना चाहिए, किनारे कटे न हों और अक्षर पढ़ने योग्य हों। फ़ाइल को JPEG प्रारूप में और 100KB से कम आकार में तैयार करें — आकार बड़ा हो तो मुफ्त ऑनलाइन कंप्रेसर से घटाएं, लेकिन इतना भी न घटाएं कि अक्षर धुंधले हो जाएं।
आवेदन में अपलोड करें
eSathi आवेदन में "स्व-प्रमाणित घोषणा पत्र" वाले खंड में यही JPEG फ़ाइल अपलोड करें। अपलोड के बाद प्रिव्यू में एक बार ज़ूम करके जांच लें कि हस्ताक्षर और सभी विवरण स्पष्ट दिख रहे हैं या नहीं।
भरने के नियम — ये गलतियां आवेदन रुकवाती हैं
- प्रारूप गलत: घोषणा पत्र केवल JPEG में अपलोड होता है। PDF बनाकर अपलोड करने पर पोर्टल उसे स्वीकार नहीं करता या सत्यापन में आवेदन लौट आता है। (अन्य दस्तावेज़ PDF में चल सकते हैं, लेकिन घोषणा पत्र के लिए JPEG ही नियम है।)
- आकार बड़ा: फ़ाइल 100KB से बड़ी हुई तो अपलोड विफल होता है। फोटो को क्रॉप और कंप्रेस करके आकार सीमा में लाएं।
- धुंधली छवि: कम रोशनी में लिया फोटो या हिलती हुई तस्वीर पढ़ने योग्य नहीं होती — सत्यापन अधिकारी जानकारी पढ़ न पाए तो आवेदन अस्वीकार होता है।
- जानकारी में अंतर: घोषणा पत्र का नाम, पता या आय आवेदन फॉर्म से अलग हुई तो दोनों दस्तावेज़ों में विरोधाभास मानकर आवेदन रोका जाता है। दोनों जगह एक जैसी जानकारी लिखें।
- पुरानी तिथि या कटा-फटा फॉर्म: बहुत पुरानी तिथि वाला पहले से भरा फॉर्म दोबारा इस्तेमाल न करें; हर आवेदन के लिए ताज़ा घोषणा पत्र बनाएं।
- दूसरे के हस्ताक्षर: घोषणा आवेदक की होती है — परिवार के दूसरे सदस्य या CSC ऑपरेटर के हस्ताक्षर चलेंगे नहीं। स्वयं साइन करें।
घोषणा पत्र तैयार हो जाने के बाद मुख्य आवेदन की प्रक्रिया के लिए संबंधित गाइड देखें — आय प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण पत्र और निवास प्रमाण पत्र। आवेदन की स्थिति जांचने का तरीका मुख्य पृष्ठ पर दिया गया है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
स्व-प्रमाणित घोषणा पत्र क्या होता है?
क्या घोषणा पत्र नोटरी से प्रमाणित कराना ज़रूरी है?
घोषणा पत्र किस प्रारूप (format) में अपलोड करना है?
घोषणा पत्र पर हस्ताक्षर न हों तो क्या होगा?
घोषणा पत्र का फॉर्म कहां से मिलेगा?
क्या एक ही घोषणा पत्र तीनों प्रमाण पत्रों के लिए चलेगा?
घोषणा पत्र में गलत जानकारी भरने पर क्या होगा?
अंतिम अपडेट: 22 अक्टूबर 2026